QR कोड क्या होता है ?
दुनिया तेजी से विकास कर रही है और इस विकास में डिजिटल टेक्नॉलॉजी ने चार चांद लगाए हैं। उसका एक बड़ा उदाहरण QR Code का हैं। पेमेंट का लेन देन हो, सिक्योर लॉगिन करना हो, कोई डॉक्यूमेंट भेजना या रिसीव करना हो। इसके अलावा बहुत सारे काम QR कोड के माध्यम से पूरे होने लगे हैं।
वैसे QR कोड का मतलब होता है Quick Response Code, जिसे हम शीघ्र कृति कोड़ भी कह सकते हैं। QR Code एक मशीन से पढ़ा जाने वाला ऑप्टिकल बारकोड होता हैं। जिसमें किसी विशेष आईटम से संबंधित जानकारी जुडी हुई रहती हैं। कोई किसी ख़ास उद्देश्य के लिए इसे यह जानकारी "हाइपर टेक्स्ट" के रूप में हो सकती हैं। जिसे बारकोड रीडर या स्कैनर द्वारा पढा जाता हैं ।
यह मानक UPC बारकोड से तेज पठनीय तथा ज्यादा मेमोरी क्षमता का होता हैं। इसी कारण यह अन्य बारकोड से अधिक लोकप्रिय और दुनियाभर में ज्यादा इस्तेमाल हो रहा हैं |अधिकतर क्यु आर कोड ब्लैक एंड व्हाईट होते हैं. मगर यह रंगीन भी जनरेट किये जाने लगे हैं। और अपनी जरूरत के अनुसार इन्हे कस्टमाईज भी किया जा सकता हैं।
QR Code की संरचना और उपयोग एवं उद्देश्य के आधार पर इसे दो वर्गों में वर्गीकृत किया गया है, स्टैटिक QR कोड़ और डायनामिक QR कोड़।
वैसे QR कोड का मतलब होता है Quick Response Code, जिसे हम शीघ्र कृति कोड़ भी कह सकते हैं। QR Code एक मशीन से पढ़ा जाने वाला ऑप्टिकल बारकोड होता हैं। जिसमें किसी विशेष आईटम से संबंधित जानकारी जुडी हुई रहती हैं। कोई किसी ख़ास उद्देश्य के लिए इसे यह जानकारी "हाइपर टेक्स्ट" के रूप में हो सकती हैं। जिसे बारकोड रीडर या स्कैनर द्वारा पढा जाता हैं ।
यह मानक UPC बारकोड से तेज पठनीय तथा ज्यादा मेमोरी क्षमता का होता हैं। इसी कारण यह अन्य बारकोड से अधिक लोकप्रिय और दुनियाभर में ज्यादा इस्तेमाल हो रहा हैं |अधिकतर क्यु आर कोड ब्लैक एंड व्हाईट होते हैं. मगर यह रंगीन भी जनरेट किये जाने लगे हैं। और अपनी जरूरत के अनुसार इन्हे कस्टमाईज भी किया जा सकता हैं।
QR Code की संरचना और उपयोग एवं उद्देश्य के आधार पर इसे दो वर्गों में वर्गीकृत किया गया है, स्टैटिक QR कोड़ और डायनामिक QR कोड़।


टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें